Main Media

Seemanchal News, Kishanganj News, Katihar News, Araria News, Purnea News in Hindi

Support Us

किशनगंज: पक्की सड़क के अभाव में नारकीय जीवन जी रहे बरचौंदी के लोग

किशनगंज के ठाकुरगंज प्रखंड की बरचौंदी पंचायत स्थित घेघाटोला और मीराभीटा गाँव को जोड़ने वाला मार्ग खस्ताहाल है और एक अदद पक्की सड़क के अभाव से जूझ रहा है।

shah faisal main media correspondent Reported By Shah Faisal | Kishanganj |
Published On :

किशनगंज के ठाकुरगंज प्रखंड की बरचौंदी पंचायत स्थित घेघाटोला और मीराभीटा गाँव को जोड़ने वाला मार्ग खस्ताहाल है और एक अदद पक्की सड़क के अभाव से जूझ रहा है। गाँव वाले हर चुनाव से पहले चुनाव प्रत्याशियों को गाँव आता देख आशा की रस्सियों को थाम लेते हैं लेकिन चुनाव के बाद उम्मीद की डोर हाथ से छूट जाती है और गांव का हाल जस का तस बना रहता है।

ग्रामीणों की शिकायत है कि सड़क बनाने के वादे खूब किये जाते हैं, लेकिन एक बार कोई नेता या अधिकारी वादा करके जाता है तो दोबारा लौट कर गाँव में नहीं आता। सड़क न होने से बेटियों के रिश्ते नहीं आते, अनाज बाजार तक ले जाने में भी दोगुना भाड़ा देना पड़ता है। बरसात के मौसम में आये दिन लोग दुर्घटना का शिकार होते हैं।

घेघाटोला, मीराभीटा और पास के गाँवों में रहने वाले स्कूली बच्चे बरसात में स्कूल नहीं जा पाते और जो जाने की हिम्मत कर पाते हैं वे अक्सर रास्ते में गिर जाते हैं।


मीराभीटा का रहने वाला अरमान रज़ा बरचौंदी मध्य विद्यालय में छठवीं कक्षा का छात्र है। वह रोज़ कच्ची और गड्ढों से भड़ी सड़क पर साइकिल चलाकर स्कूल जाता है। बरसात के मौसम में अक्सर वह और उसके जैसे बच्चे गड्ढों में गिर जाते हैं।

जर्जर रास्तों के कारण महिलाओं को हाट बाज़ार जाने में दिक्कतें पेश आती हैं। इसके अलावा बीमार हो जाने पर या डिलीवरी के समय महिलाओं का गाँव से अस्पताल तक जाने का सफर बहुत कठिन होता है।

दुर्घटना-प्रवण सड़क में बरचौंदी पंचायत के ऑटोरिक्शा चालक भी बहुत परेशान हैं। ऑटोरिक्शा अक्सर दुर्घटना का शिकार होते रहते हैं, ऐसे में चालकों को मरीज़ों को अस्पताल पहुंचाने में भी कई दिक्कतों का सामना करना पड़ता है।

समस्या के समाधान के लिए मैं मीडिया की टीम ने अपने स्तर पर भी पहल करते हुए लोगों को बिहार लोक शिकायत निवारण के बारे में जानकारी दी। साथ ही लोगों से सड़क को लेकर बिहार लोक शिकायत में complaint भी दर्ज करवाया।

Also Read Story

स्कूल जर्जर, छात्र जान हथेली पर लेकर पढ़ने को विवश

आदिवासी इलाके में झोपड़ी में चल रहा स्कूल

पुल कहीं और, नदी कहीं और… अररिया में सरकार को चकमा देता विकास

नीतीश सरकार के दावों का मज़ाक़ उड़ाते चचरी पुल

किशनगंज शहर के इन गड्ढों में यहाँ के नेताओं को डूब मरना चाहिए

भारत के बच्चे सीख रहे हैं नेपाल से देशभक्ति, प्रधानमंत्री को पता है क्या?

इस गाँव से दुल्हन बाइक पे जाती है, मरीज चारपाई पे, मय्यत नाव पे

दो साल पहले CM नीतीश के स्वागत में बना था जलमीनार, अब तक नहीं आया पानी

36 साल पुराने Girls’ High School तक जाने के लिए कोई सड़क नहीं है

सीमांचल की ज़मीनी ख़बरें सामने लाने में सहभागी बनें। ‘मैं मीडिया’ की सदस्यता लेने के लिए Support Us बटन पर क्लिक करें।

Support Us

Shah Faisal is using alternative media to bring attention to problems faced by people in rural Bihar. He is also a part of Change Chitra program run by Video Volunteers and US Embassy. ‘Open Defecation Failure’, a documentary made by Faisal’s team brought forth the harsh truth of Prime Minister Narendra Modi’s dream project – Swacch Bharat Mission.

Related News

डॉ जावेद ने 9 महीने पहले किया था पुल का शिलान्यास, अब तक शुरू नहीं हुआ काम

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Latest Posts

Ground Report

अररिया में भाजपा नेता की संदिग्ध मौत, 9 दिन बाद भी पुलिस के हाथ खाली

अररिया में क्यों भरभरा कर गिर गया निर्माणाधीन पुल- ग्राउंड रिपोर्ट

“इतना बड़ा हादसा हुआ, हमलोग क़ुर्बानी कैसे करते” – कंचनजंघा एक्सप्रेस रेल हादसा स्थल के ग्रामीण

सिग्नल तोड़ते हुए मालगाड़ी ने कंचनजंघा एक्सप्रेस को पीछे से मारी टक्कर, 8 लोगों की मौत, 47 घायल

किशनगंज के इस गांव में बढ़ रही दिव्यांग बच्चों की तादाद