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किशनगंज लोकसभा क्षेत्र: अमौर के अधांग में वोटिंग का पूर्ण बहिष्कार, समझाने-बुझाने का प्रयास जारी

मौक़े पर जिला स्तरीय वरीय चुनाव अधिकारियों की टीम भी पहुँच चुकी है। अधिकारी ग्रामीणों के समझाने का प्रयास का रहे हैं, लेकिन अभी तक कोई नतीजा नहीं निकला है।

Nawazish Purnea Reported By Nawazish Alam |
Published On :
complete boycott of voting in adhang panchayat of amour in kishanganj loksabha
अधांग पंचायत स्थित मदरसा इस्लाहुल मुस्लीमीन, मनवारे का खाली पड़ा बूथ केंद्र

शुक्रवार को पूरे देश में लोकसभा चुनाव के दूसरे चरण को लेकर वोटिंग चल रही है। लेकिन, बिहार के किशनगंज लोकसभा क्षेत्र स्थित अमौर की अधांग पंचायत के ग्रामीणों ने वोटिंग का पूर्ण बहिष्कार कर दिया है। चुनाव बूथ पर चुनाव अधिकारी लोगों को समझाने- बुझाने में लगे हुए हैं, लेकिन लोग टस से मस नहीं हो रहे हैं।


अधांग पंचायत के मदरसा इस्लाहुल मुस्लीमीन, मनवारे बूथ केंद्र पर मौजूद पीठासीन अधिकारी (प्रीजाइडिंग ऑफिसर) ने ‘मैं मीडिया’ को बताया कि अधांग पंचायत में 8 पोलिंग बूथ हैं, जिसमें एक भी वोट नहीं पड़ा है। उन्होंने आगे कहा कि उनलोगों ने जिला स्तर के वरीय चुनाव अधिकारियों को इसकी सूचना दे दी है।

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मौक़े पर जिला स्तरीय वरीय चुनाव अधिकारियों की टीम भी पहुँच चुकी है। अधिकारी ग्रामीणों के समझाने का प्रयास का रहे हैं, लेकिन अभी तक कोई नतीजा नहीं निकला है।


रहरिया-केमा सड़क ना बनने से नाराज़ हैं ग्रामीण

बताते चलें कि अधांग पंचायत के ग्रामीण रहरिया-केमा सड़क समेत अन्य सड़क ना बनने से नाराज़ हैं। यह सड़क खस्ताहाल है।

ग्रामीणों ने रहरिया-केमा सड़क को लेकर 24 फरवरी को विरोध प्रदर्शन भी किया था। विरोध प्रदर्शन के दौरान ही लोगों ने फैसला लिया था कि वे लोकसभा चुनाव-2024 में वोटिंग का पूर्ण बहिष्कार करेंगे।

‘मैं मीडिया’ ने इसको लेकर “आज़ादी के सात दशक बाद भी नहीं बनी अमौर की रहरिया-केमा सड़क, लोग चुनाव का करेंगे बहिष्कार” शीर्षक से विस्तृत खबर प्रकाशित की थी।

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नवाजिश आलम को बिहार की राजनीति, शिक्षा जगत और इतिहास से संबधित खबरों में गहरी रूचि है। वह बिहार के रहने वाले हैं। उन्होंने नई दिल्ली स्थित जामिया मिल्लिया इस्लामिया के मास कम्यूनिकेशन तथा रिसर्च सेंटर से मास्टर्स इन कंवर्ज़ेन्ट जर्नलिज़्म और जामिया मिल्लिया से ही बैचलर इन मास मीडिया की पढ़ाई की है।

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