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कटिहार में फर्जी प्रशिक्षु डीएसपी बनकर ठगने वाले दो युवक गिरफ्तार

पुलिस को अभियुक्त के पास से मोबाइल, फ़र्ज़ी पैन कार्ड, डेबिट कार्ड, बैंक पासबुक, फ़र्ज़ी बैच, आई कार्ड, पुलिस की वर्दी और कई जमीनों के असली कागज़ात बरामद हुए हैं। अभियुक्त के पास से मिले मोबाइल से पता चला कि पुलिस और डीएसपी से जुड़े कई वीडियो सर्च किये गए थे।

shadab alam Reported By Shadab Alam |
Published On :
two youths arrested for cheating by posing as fake trainee dsp in katihar

बिहार के कटिहार में फर्जी प्रशिक्षु डीएसपी बनकर लोगों को ठगने के मामले में शनिवार को पुलिस ने दो लोगों को गिरफ्तार किया। पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार आजमनगर थाना क्षेत्र के नारायणपुर का निवासी मोहम्मद अख्तर हुसैन प्रशिक्षु डीएसपी बनकर विवादित जमीनों का समझौता कराता था।


गिरफ्तार अभियुक्त अख्तर हुसैन को कटिहार पुलिस ने डंडखोरा थाना क्षेत्र के भमरैली में वाहन जांच के दौरान पकड़ा। वह टियागो गाड़ी में पुलिस का स्टीकर चिपकाए पुलिस की वर्दी पहने बैठा मिला। पुलिस के पूछने पर अख्तर ने खुद को 66वें बैच का प्रशिक्षु डीएसपी बताया और कहा कि वह वर्तमान में मोतिहारी जिले में पदस्थापित है और इस समय छुट्टी में घर आया हुआ है।

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कटिहार पुलिस ने जांच में इन दावों को गलत पाया और खुद को प्रशिक्षु डीएसपी वाले अख्तर हुसैन और गाड़ी चला रहे मेहरुद्दीन खान को गिरफ्तार किया। पुलिस की प्रेस वार्ता में बताया गया कि मेहरुद्दीन खान डंडखोरा थानांतर्गत सकरपुरा गांव का रहने वाला है और वह अख्तर हुसैन के फ़र्ज़ी कामों में उसका साथी है।


पुलिस की मानें तो मुख्य आरोपी ने अपना जुर्म कबूल करते हुए पुलिस को बताया कि नवंबर 2023 में वह दिल्ली में इंजीनियरिंग में दाखिले की तैयारी कर रहा था तभी उसे फ़र्ज़ी प्रशिक्षु डीएसपी बनने का ख्याल आया। शुरुआत में उसने अपने घर और गांव वालों में अपना प्रभाव डालने के लिए खुद को डीएसपी बताया और फिर बाद में वह ज़मीन के कागज़ात बनाने, पकड़ी हुई गाड़ियां छुड़ाने की पैरवी, सहित कई अवैध काम करने लगा।

पुलिस को अभियुक्त के पास से मोबाइल, फ़र्ज़ी पैन कार्ड, डेबिट कार्ड, बैंक पासबुक, फ़र्ज़ी बैच, आई कार्ड, पुलिस की वर्दी और कई जमीनों के असली कागज़ात बरामद हुए हैं। अभियुक्त के पास से मिले मोबाइल से पता चला कि पुलिस और डीएसपी से जुड़े कई वीडियो सर्च किये गए थे।

पुलिस ने दोनों अभियुक्तों के विरुद्ध आईपीसी की धारा 170 /171/419/420 /467 /468 / 471 / 120 (बी) ओर आईटी एक्ट की धारा 66 (डी) के अंतर्गत मामला दर्ज किया है।

ज्ञात रहे कि पिछले दो-तीन दिनों में यह इस तरह का दूसरा मामला सामने आया है। इससे पहले कटिहार पुलिस ने फ़र्ज़ी साइबर एसपी की भी गिरफ्तारी की है। हालांकि दोनों मामलों का आपस में कोई संबंध नहीं है।

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सय्यद शादाब आलम बिहार के कटिहार ज़िले से पत्रकार हैं।

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