सुशांत सिंह राजपूत की मौत के मामले में CBI ने अपनी जांच शुरू कर दी है। हालांकि बिहार पुलिस की मदद न करने के आरोपों में घिरी महाराष्ट्र सरकार पर चौतरफा हमले हो रहे हैं। पलटवार में शिवसेना के बड़े नेता संजय राउत ने सुशांत सिंह की मौत के मामले में कई गंभीर आरोप लगाए हैं। संजय राउत का दावा है कि सुशांत सिंह राजपूत और उनके पिता के के सिंह के बीच के रिश्ते बहुत अच्छे नहीं थे। शिवसेना के मुखपत्र सामना में छपे एक लेख में संजय राउत ने ये दावा किया है कि सुशांत सिंह राजपूत अपने पिता के के सिंह की दूसरी शादी से खुश नहीं थे।

संजय राउत ने सवाल किया कि, ‘सुशांत सिंह कितनी बार अपने पिता से मिलने के लिए पटना गए थे?’ राउत ने आरोप लगाया कि सुशांत सिंह की मौत के पीछे की सच्चाई बाहर न आ सके इसलिए इस पर राजनीति की गई और मुंबई पुलिस से इस केस को छीन लिया गया।

संजय राउत यहीं नहीं रुके उन्होंने बिहार सरकार पर भी राजनीति का आरोप लगाया है. उन्होंने कहा, ”बिहार से लेकर दिल्ली तक सुशांत सिंह राजपूत की मौत मामले में राजनीति की जा रही है और महाराष्ट्र सरकार के खिलाफ साजिश रची जा रही है। मुंबई पुलिस इस मामले की सच्चाई सामने लाने में सक्षम थी.’

दूसरी तरफ सुशांत सिंह राजपूत के पिता के के सिंह की दूसरी शादी के आरोप को सुशांत के चाचा प्रोफेसर देव् किशोर सिंह ने गलत करार दिया है। उन्होंने बताया कि सबसे बड़े भाई रामकिशोर सिंह जो विधायक नीरज कुमार बबलू के पिता हैं उनकी दो शादी हुई है लेकिन सुशांत के पिता की दूसरी शादी का दावा बेबुनियाद है। उन्होंने आरोप लगाया कि जांच को प्रभावित करने के लिये उनके परिवार पर गलत आरोप लगाया जा रहे है।

वहीं सुशांत के चचरे भाई विधायक नीरज कुमार बबलू ने संजय राउत के बयान को भ्रामक बताया और कहा कि इस दावे का कोई सिर-पैर नहीं है। सिर्फ बातों को उलझाने के लिए इस तरह का बयान दिया जा रहा है। इस बात में कहीं कोई दम नहीं है। हम लोगों को जो जानकारी थी, उसके आधार पर हमने FIR कराई थी। CBI और ED की जांच में सब कुछ सामने आ जायेगा और दोषी जेल में जाएंगे।