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किशनगंज विधायक के घर से सटे इस गांव में अब तक नहीं बनी सड़क

पक्की सड़क न होने से स्थानीय किसानों को अपनी फसलों को बाज़ार तक पहुँचाने में काफ़ी पैसा खर्च करना पड़ता है। अनाज खराब होने के डर से वे मजबूरन सस्ते दामों पर उसे बेच देते हैं। ऐसे में बढ़ती महंगाई के बावजूद उनकी आमदनी लगातार कम हो रही है।

shah faisal main media correspondent Reported By Shah Faisal |
Published On :
road has not been built yet in this village adjacent to kishanganj mla's house

बिहार के किशनगंज जिले के इस गांव में बीते कई सालों से पक्की सड़क का इंतज़ार है। पोठिया प्रखंड अंतर्गत परलाबाड़ी पंचायत के सोहरा गांव निवासी आवाजाही के लिए कच्ची सड़क पर निर्भर हैं। बरसात के दिनों में सड़क न होने से पानी भर जाता है और लोगों को बड़ी परेशानी झेलनी पड़ती है।


सितंबर 2020 में तत्कालीन विधायक कमरुल होदा ने इस सड़क का शिलान्यास किया था। योजना के अनुसार शेरशहबादी टोला, अब्दुल के घर से लेकर सोहरा गांव में मौलाना तैयब के घर तक पीसीसी सड़क का निर्माण होना था। लेकिन निर्माण कार्य करीब 300 फीट तक ही हुआ और फिर रुक गया।

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इसके बाद नए विधायक बने, लेकिन पिछले पाँच सालों में सड़क पर एक इंच भी काम आगे नहीं बढ़ सका। हैरानी की बात यह है कि यह इलाका मौजूदा विधायक इज़हारुल हुसैन के गांव से महज 5 किलोमीटर की दूरी पर ही स्थित है।


फ़रहान एक निजी स्कूल में सातवीं कक्षा में पढ़ता है। वह इसी रास्ते से स्कूल जाता है जिससे रोज़ाना उसके कपड़े गंदे हो जाते हैं। फरहान का कहना है कि बरसात में रास्ता इतना खराब हो जाता है कि कई महीनों तक बच्चे स्कूल और मदरसे नहीं जा पाते। टूटी-फूटी सड़क की वजह से आपात स्थिति में एम्बुलेंस भी गांव तक नहीं पहुँच पाती, जिससे लोगों को भारी दिक़्क़तों का सामना करना पड़ता है।

पक्की सड़क न होने से स्थानीय किसानों को अपनी फसलों को बाज़ार तक पहुँचाने में काफ़ी पैसा खर्च करना पड़ता है। अनाज खराब होने के डर से वे मजबूरन सस्ते दामों पर उसे बेच देते हैं। ऐसे में बढ़ती महंगाई के बावजूद उनकी आमदनी लगातार कम हो रही है।

सड़क न होने से खेत का पानी बहकर निकल जाता है, जिससे किसानों को सिंचाई के लिए पानी की कमी झेलनी पड़ती है।

सड़क न होने से गांव में आए दिन हादसे भी होते रहते हैं। स्थानीय लोगों ने बताया कि करीब एक साल पहले एक ई-रिक्शा पलटने से एक छोटे बच्चे की मृत्यु हो गई थी।

स्थानीय पंचायत सदस्य वाहिद आलम के अनुसार मौजूदा विधायक इज़हारूल हुसैन ने उन्हें बताया कि पूर्व विधायक क़मरुल होदा ने इस सड़क को कृषि विभाग की सड़क के रूप में दर्ज कर दिया था। इसी वजह से इसका निर्माण कार्य आगे नहीं बढ़ पा रहा है।

सड़क निर्माण में रुकावट को लेकर जब हमने किशनगंज विधायक इजहारुल हुसैन से बात की तो उन्होंने कहा कि शिलान्यास के बाद काम क्यों रुका, यह सवाल उस समय विधायक रहे क़मरुल होदा से पूछा जाना चाहिए, उन्हें इसकी जानकारी नहीं है।

इज़हारुल हुसैन ने आगे कहा कि उनके जानकारी के अनुसार, परलाबाड़ी पंचायत स्थित सोहरा गांव की सड़क को मुख्यमंत्री सड़क योजना में डाला गया है। इसका डीपीआर तैयार हो चुका है और यह काम प्रक्रिया में है।

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Shah Faisal is using alternative media to bring attention to problems faced by people in rural Bihar. He is also a part of Change Chitra program run by Video Volunteers and US Embassy. ‘Open Defecation Failure’, a documentary made by Faisal’s team brought forth the harsh truth of Prime Minister Narendra Modi’s dream project – Swacch Bharat Mission.

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