आज बिहार को उसका पहला अत्याधुनिक सुविधाओं वाला अपना पहला ISBT मिल जाएगा। बिहार के सीएम नीतीश कुमार इस नए ISBT का उद्घाटन करेंगे। बता दें कि यह बिहार का पहला अंतरराज्यीय बस अड्डा (ISBT) होगा जो करीब 25 एकड़ में फैला हुआ है।

पांच मंजिला इस बस स्टैण्ड को बुडको ने तैयार किया है। इसमें चार अलग-अलग ब्लॉक होंगे। इस नए बस स्टैण्ड को तैयार करने में कुल 350 करोड़ की राशि खर्च की गई है।

 

क्या क्या हैं सुविधाएं

बिहार के पहले आईएसबीटी में कई तरह की अत्याधुनिक सुविधाएं मुहैया कराई जाएंगी। इसमें सिनेमा घर, मॉल से लेकर शॉपिंग कॉम्पलेक्स तक की सुविधा होगी। वहीं यात्रियों के ठहरने और आराम करने के लिए भी अत्याधुनिक वेटिंग रूम और स्नानागार भी बनाया गया है।

यहां से प्राइवेट बसें तो खुलेंगी ही साथ ही आने वाले दिनों में गांधी मैदान से खुलने वाली सरकारी बसो को भी यहीं लाया जाएगा। इस ISBT की बनावट जहां अंतरराष्ट्रीय स्तर की है वहीं यहां से बस पकड़ने और बस से उतरनेवाले यात्रियों को किसी भी तरह की परेशानी न हो इसका भी ख्याल रखा गया है।

इस बस अड्डे को तीन भागों में बांटा गया है। यहां से हर रोज 3 हजार बसे खुलेंगी और हर दिन डेढ़ लाख यात्री अलग-अलग जगहों के लिए यात्रा कर सकेंगे। नए बने बस अड्डे में वाणिज्यिक ब्लॉक होगा। वहीं यहां जो दुकाने बनी हैं उनके संचालन और रखरखाव के लिए समिति बनाई गई है जो इसे दुकानदारों को आवंटित करेगी।

यात्रियों को बस टिकट लेने में दिक्कत न हो इसके लिए पर्याप्त संख्या में टिकट काउंटर बनाए गए है। वहीं बुजुर्गों और बच्चों के लिए एस्कलेटर की सुविधा दी गई है। वहीं पर्याप्त संख्या में यहां महिलाओं और पुरुषों के लिए मॉडर्न शौचालय भी होगे। साफ-सफाई का खास ख्याल रखा जाएगा।

जो यात्रि बस अड्डे में छोटी कारों से पहुंचेंगे उनके लिए एलिवेटेड रोड बनाया गया है। यहां पर ड्राइवर और बस स्टाफ के लिए डॉर्मिटरी का व्यवस्था की गई है।

बताते चलें कि हाल में ही नीतीश कैबिनेट ने अंतर्राज्यीय बस टर्मिनल सोसाइटी, पटना नाम की शासी निकाय के गठन की मंजूरी दी थी। वित्तीय वर्ष 2017-18 में मौजा पहाड़ी में अंतर्राज्यीय बस टर्मिनल (आइएसबीटी) बनाने की योजना की प्रशासनिक स्वीकृति दी गई थी। इस योजना की लागत 339 करोड़ 22 लाख रखी गई थी।